मुंबई, 29 जनवरी (भाषा) — वैश्विक स्तर पर सोने की मांग 2025 में 5,000 टन से अधिक होकर एक नए सर्वकालिक उच्चस्तर पर पहुंच गई है। विश्व स्वर्ण परिषद (डब्ल्यूजीसी) की ‘2025 की स्वर्ण मांग के रुझान’ रिपोर्ट के अनुसार, कुल सोने की मांग 5,002 टन के नए रिकॉर्ड तक पहुंच गई, जो कि पिछले वर्ष के 4,961.9 टन से अधिक है। यह 5,000 टन से ऊपर की मांग पहली बार दर्ज की गई है।
मुख्य तथ्य🔹 कुल मांग: 2025 में 5,002 टन — सर्वकालिक उच्चस्तर।
🔹 पिछला साल: 2024 में मांग 4,961
.9 टन थी।
🔹 मांग में वृद्धि: निवेश की मांग में तेज उछाल मुख्य ड्राइव रहा।
🔹 निवेश की भूमिका: सोने में निवेश (जैसे गोल्ड ईटीएफ, बार और सिक्के) में काफी वृद्धि हुई है, जिससे कुल मांग पर असर पड़ा।
मांग के घटक
👉 निवेश मांग: वैश्विक निवेशक और केंद्रीय बैंक सोने की खरीद में बढ़त दिखाई, जिससे सोने की मांग में प्रमुख योगदान मिला।
👉 उपभोक्ता/ग्राहक मांग: अक्टूबर–दिसंबर में उपभोक्ता मांग में भी वृद्धि दर्ज की गई।
👉 सोने की कीमत: 2025 में सोने की औसत कीमत ऊँची रही, जो लगभग USD 2,700 प्रति औंस से अधिक थी।
रिपोर्ट के अन्य प्रमुख बिंदु
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2025 में सोना अक्सर “सेफ हेवन” (सुरक्षित निवेश) के रूप में खरीदा गया, खासकर आर्थिक और वैश्विक अनिश्चितता के माहौल में।
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सोने की मांग के विस्तार में निवेश उत्पादों और ETF में भारी निवेश का योगदान रहा।
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ज्वेलरी और तकनीकी उपयोग की मांग में भी विविध रुझान देखे गए, हालांकि कुछ हिस्सों में गिरावट भी आई।
डब्ल्यूजीसी की यह रिपोर्ट दर्शाती है कि 2025 में सोने की मांग ने वैश्विक स्तर पर एक नई ऊँचाई छू ली है, जो निवेशकों के हितों, आर्थिक सुरक्षा और विविध निवेश विकल्पों की ओर रुझान से प्रेरित है।




